कमालपुर (डेरापुर)। शरद पूर्णिमा की रात डेरापुर तहसील क्षेत्र के कमालपुर गांव में पारंपरिक उल्लास और धार्मिक रंग में डूबा अनोखा आयोजन हुआ। सोमवार रात टेसू-झेंझी का विवाह विधि-विधान से संपन्न हुआ। गांव के बच्चों, महिलाओं और पुरुषों ने इस पारंपरिक पर्व में उत्साहपूर्वक भाग लिया।
पंडित जी ने मंत्रोच्चार के साथ विवाह की रस्में पूरी कराईं। उन्होंने बताया कि पौराणिक कथा के अनुसार वीर बर्बरीक (टेसू) का विवाह झेंझी नामक कन्या से होना था, लेकिन युद्ध से पूर्व उनके वध के कारण यह विवाह संभव नहीं हो पाया था। भगवान श्रीकृष्ण ने वरदान दिया था कि बर्बरीक का विवाह हर वर्ष शरद पूर्णिमा पर झेंझी से होगा, और इसी के बाद अन्य विवाहों का शुभारंभ किया जाएगा।
कार्यक्रम में गांव के कई लोगों नेसक्रिय भूमिका निभाई। आयोजन के दौरान मिठाई वितरण, भजन-संकीर्तन और बच्चों के पारंपरिक खेलों ने माहौल को जीवंत कर दिया। गांव में धूमधाम से मना करकर।